कम्प्यूटर इंजिनियर (Computer Engineer) कैसे बने।

आज के इस पोस्ट में जानेंगे कि computer engineer कैसे बनते है। अगर आप कम्प्यूटर के क्षेत्र मे कुछ करना चाहते है तो सबसे अच्छा तरीका है कि आप कम्प्यूटर की पढाई पूरी करके कम्प्यूटर इंजिनियर बने। हर मॉ-बाप का सपना होता है कि उसके बच्चे बडे होकर engineerया फिर डाक्टर बने। आज हम मॉ-बाप के उसी सपने के एक हिस्से यानि कम्प्यूटर इंजिनियर बनने के तरिका बतायेंगे साथ ही आपको सुझाव भी देंगे कि आप क्या करके आसानी से अपनी तैयारी और शिक्षा के लिए साधन जुटा सकते है।

Computer Engineer kese bante

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कम्प्यूटर इंजिनियर क्या है

अब हमारा सबसे पहला प्रश्न यह बनता है कि हम computer engineer बन तो जाये लेकिन यह तो पता चले कि computer engineer होता क्या है क्योकि कम्प्यूटर तो हम आज भी चलाते है और कोई problem  होने पर ठीक भी कर लेते है फिर इस  इंजिनियर की क्या जरूरत।

कम्प्यूटर इंजिनियर वह नही होता है जो कम्प्यूटर को ठीक कर दे या फिर चला कर दिखा दे बल्कि  वह होता है जो कम्प्यूटर को बनाता है जो कम्प्यूटर के अन्दर के pogram को बनाने और ठीक करने की क्षमता रखता है। कम्प्यूटर इंजिनियर को इंजिनियरिंग की दुनियां में सबसे उच्चकोटि का इंजिनियर माना जाता है। पढ़ना का कोर्स 4 साल का होता है। computer engineer को सिविल इंजिनियर की अपेक्षा 10 गुणा तक ज्यादा payment मिलता है / मिल सकता है। एक उदाहरण देता हूँ – बिहार के वात्सल्य सिंह चौहान को Microsoft ने एक करोड रू में हायर किया था जो इंजिनियरिंग की दुनिया मे इंजिनियरिंग को छोडकर किसी भी इंजिनियरिंग मे सर्वक्षेष्ठ वेतनमान है।

नीचे दी गयी दो चीजो को मिलाकर एक कम्प्यूटर इंजिनियर बनता है

  • सॉफटवेयर इंजिनियर :- सॉफटवेयर इंजिनियर वह इंजिनियर होता है जो प्रोगरामस बनाता है और उन्हे रिपेयर कर सकता है उसके लिए कम्प्यूटर का मतलब केवल डाटा से होता है वह किसी भी प्रकार के काम को कम्प्यूटर प्रोगराम बना कर आसान बना सकता है। हम मोबाइल फोन का इस्तेमान बहुत ज्यादा करते है हम फोन मिलाते है काटते है बहुत सारे प्रोगराम चलाते है बहुत सारे प्रोगराम डाउनलोड और डिलिट कर सकते है यह सब काम कैसे हो रहा है हम तो केवल क्लिक करते है। इस सब के पीछे किसी सॉफटवेयर इंजिनियर की ढेर सारी मेहनत होती है। कम्प्यूटर और इन्टरनेट पर जो भी डाटा पडा है जो भी प्रोगराम, वेबसाइट है सब कोई न कोई कम्प्यूटर इजिनियर करता है।
  • हार्डवेयर इंजिनियर :- हार्डवेयर इंजिनियर वह होता है जो कम्प्यूटर को बनाता है उसे असेम्बल करता है मतलब जो कम्प्यूटर के पार्टस बनाता है वह भी हार्डवेयर इंजिनियर होता है जो उन पार्टस को मिलाकर कम्प्यूटर बनाता है वह भी हार्डवेयर इंजिनियर होता है और जो खराब हो गये कम्प्यूटर के पार्टस को ठीक कर उसे दोबारा तैयार करता है उसे भी हार्डवेयर इंजिनियर कहते है। एक सॉफटवेयर इंजिनियर तभी काम कर सकता है जब एक हार्डवेयर इंजिनियर अपना काम खत्म कर दे वर्ना सॉफटवेयर इंजिनियर का कोई मतलब नही रह जाता है। इसलिए सॉफटवेयर इंजिनियर बनने के लिए हार्डवेयर इंजिनियर बनना बहुत जरूरी होता है।

computer engineer बनने के लिए योग्यता

computer engineer, इंजिनियरिंग की दुनिया की सबसे बडी डिग्री है। अतः computer engineer भी आप ऐसे ही नही बन सकते आपको कक्षा नौ से ही तैयारी शुरू करनी पडती है और वह भी कडी मेहनत के साथ। computer engineer बनने के लिए कुछ मुख्य योग्यताऐं मै नीचे बता रहा हूँ लेकिन एक बात का विशेष ध्यान रखे यही योग्यताएं प्रयाप्त नही है आपमे और भी बहुत सारे गुण होने चाहिए।

1.कक्षा 12 साइंस मैथ के साथ :-  यदि आप एक computer engineer बनना चाहते है तो आपको इसकी तैयारी पहले से ही करनी पडती है आपको कक्षा 11 व 12 मे साइंस सब्जेक्ट के साथ मैथ लेना होता है अगर ऐसा है तो आप किसी एन्ट्रेन्स एग्जाम मे बैठ सकते है।

2.60 प्रतिशत मार्कस :-  एक computer engineer के लिए एन्ट्रेन्स एग्जाम मे बैठने के लिए कक्षा 12 की परिक्षा 60 प्रतिशत अंको से पास करना अनिवार्य है अगर आपके कक्षा 12 मे 60 प्रतिशत अंक नही आये है तो आप एन्ट्रेन्स एग्जाम मे नही बैठ सकते।

3.अंग्रेजी :-  यह बात आप भी जानते होंगे कि कम्प्यूटर सीखने के लिए अंग्रेजी कितनी जरूरी है फिर computer engineering की पढाई तो पूरी की पूरी ही अंग्रेजी मे होती है। और लोकल की बात छोड दे तो हमे कोई भी जानकारी अगर इंन्टरनेट के माध्यम से प्राप्त करनी हो तो केवल अंग्रेजी ही एक ऐसा माध्यम होता है जिससे हम किसी दूसरे देश के लोगो के विचार प्राप्त कर सकते है।

4.तार्किक क्षमता :-  computer engineer के लिए यह सबसे बडी योग्यता रिक्वायरमेंट होती है कि उसे तार्किक होना चाहिए। मतलब कम्प्यूटर इंजिनियर की तार्किक योग्यता बहुत ही अच्छी होनी चाहिए। क्योकि सभी सॉफटवेयर और प्रोगरामस तार्किक भाषा के माध्यम से ही बनाये जाते है और यह तार्किक भाषा ही कम्प्यूटर की भाषा होती है।

5.कुछ नये की चाह :-  एक computer engineer मे कुछ नया करने की चाह होनी चाहिए जब तक उसमे कुछ नया करने की चाह न हो वह हाथ पर हाथ रखे बैठा रहेगा और कहेगा कि उसके पास कोई काम है ही नही। यदि उसमे कुछ नया करने की चाह हो तो वह नये नये प्रोगराम बना कर मार्केट के सामने रख सकता है और वह कभी भी खाली नही होता है।

6.कम्प्यूटर डिप्लोमा :-  अगर आप केवल कम्प्यूटर का डिप्लोमा ही करना चाहते है तो भी आपको हाइस्कूल साइंस सब्जेक्ट के साथ करना जरूरी है उसके हर सब्जैक्ट मे 50 प्रतिशत अंक होने आवश्यक है।

Entrance exam

computer engineer बनने के लिए आपको प्रवेश परिक्षा को पास करना बहुत ही आवश्यक है उसके बिना आप computer engineer नही बन सकते और सबसे बडी इंजिनियरिंग की डिग्री कोई ऐसे ही नही मिलती आपको कडी मेहनत के साथ अपने दिमाग का इस्तेमाल भी सही तरीके से करना होगा। यह प्रवेश परिक्षा आपकी क्षमताओं को जांचने का पहला पडाव होता है अगर आप इस पडाव को पार कर जाते है यानि कि आपने प्रवेश परिक्षा पास कर ली है तो आप किसी अच्छे कॉलेज मे दाखिला पा जाते है एन्ट्रेन्स एग्जाम मे आपके अच्छे नम्बर आना बहुत ही जरूरी होता है क्योकि उसी के आधार पर आपको कॉलेज दिये जाते है जिसके जितने अच्छे अंक होते है उसे उतने ही अच्छे कॉलेज मे दाखिला मिलता है और उसकी फीस भी अपेक्षाकृत कम लगती है। नीचे कुछ तरीके बताये गये है जिससे आप अपने पेपर की सही से तैयारी कर सके।

[wps_dropcap size=”1″ color=”#ffffff” background=”#35ce8d” border=”0 none” radius=”0″]1[/wps_dropcap]सैम्पल पेपर की मदद

बाजार मे बहुत तरह के सैम्पल पेपर उपलब्ध है उन्हे हल करके अपनी क्षमताओं का आकलन करना परिक्षा की तैयारी करने का बहुत ही अच्छा तरीका है। इससे आप अपने समय और प्रश्न हल करने की क्षमता दोनो का आकलन कर सकते हो। आपको सैम्पल पेपर हल करने मे कितना समय लगा और कितने प्रश्नो के उत्तर आपने सही दिये और कितनो के गलत दिये। लगातार अभ्यास करने से आपकी तैयारी अवश्य ही अच्छी होगी।

[wps_dropcap size=”1″ color=”#ffffff” background=”#35ce8d” border=”0 none” radius=”0″]2[/wps_dropcap]हाई स्कूल इण्टर अच्छे से करे

हाई स्कूल और इण्टर पर ही इंजिनियरिंग की परिक्षा का सारा जोर होता है क्योकि सारे प्रश्न हाई स्कूल और इण्टर के कोर्स से ही आते है यदि आपने हाई स्कूल और इण्टर अच्छे से पढाई करके की है तो आपको प्रवेश परिक्षा मे कोई परेशानी नही होगी और आप आसानी से परिक्षा पास कर सकते है लेकिन अगर आपने हाई स्कूल और इण्टर को हल्के मे लिया तो इंजिनियरिंग की प्रवेश परिक्षा आपको भारी लगने वाली है।

[wps_dropcap size=”1″ color=”#ffffff” background=”#35ce8d” border=”0 none” radius=”0″]3[/wps_dropcap]इन्टरनेट की मदद ले

किसी भी प्रतियोगी परिक्षा की तैयारी करने का यह आज कल सबसे अच्छा तरिका है कि आप इन्टरनेट की मदद से तैयारी करे। क्योकि इन्टरनेट पर आपको जो भी आप चाहोगे वह सभी मैटेरियल मिल जायेगा। चाहे तो आप प्रश्नपत्र हल कीजिये और चाहे आप पढ कर तैयारी कीजिये आपको सभी प्रकार की सहायता वहॉ पर मिलेगी। आप वहॉ पर विभिन्न प्रकार की वेबसाइटो पर विभिन्न प्रकार के सुझाव पढ कर भी अपनी तैयारी कर सकते है।

[wps_dropcap size=”1″ color=”#ffffff” background=”#35ce8d” border=”0 none” radius=”0″]4[/wps_dropcap]किताबो के द्वारा

बाजार विभिन्न प्रकार की प्रतियोगी परीक्षा पुस्तके उपलब्ध है जो आपको विभिन्न प्रकार से ज्ञान देकर, प्रश्नपत्र के माध्यम से और सोल्ड-अनसोल्ड के माध्यम से आपकी तैयारी करने मे आपकी मदद करती है। यह एक बहुत ही अच्छा तरीका है जिससे आप प्रवेश परिक्षा के लिए तैयार हो सकते हो।

[wps_dropcap size=”1″ color=”#ffffff” background=”#35ce8d” border=”0 none” radius=”0″]5[/wps_dropcap]कोचिंग क्लास जोइन करके

प्रवेश परीक्षा को पास करने के लिए आपको बहुत ही कडी मेहनत की आवश्यकता होती है और इसी कडी मेहनत के क्रम मे आते है विभिन्न प्रकार से प्रतियोगी परीक्षाओ की तैयारी करा रहे कोचिंग सैंटरस । कहने का मतलब है आप किसी अच्छे से कोचिंग सेन्टर को ज्वाइन करके अपनी परिक्षा की बेहतर तैयारी कर सकते है क्योकि वे आपको बिल्कुल सटीक तैयारी कराते है और उन्ही सब्जेक्टस पर पढाई कराते है जो परीक्षा मे आने है।

[wps_dropcap size=”1″ color=”#ffffff” background=”#35ce8d” border=”0 none” radius=”0″]6[/wps_dropcap]ऑनलाइन आर्टिकल

ऑनलाइन आर्टिकल आज के समय मे सबसे अच्छा साधन है और सबसे बडी बात वे आपको आपके हर सबजेक्ट मे तैयार कर सकते है क्योकि ऑनलाइन आपको केवल सर्च करने की जरूरत है आपके सामने आपके इच्छा के अनुसार विषय आ जायेगा जिसकी जानकारी आप पाना चाहते है आनलाइन आर्टिकल तैयारी करने का सबसे अच्छा स्रोत है।

[wps_dropcap size=”1″ color=”#ffffff” background=”#35ce8d” border=”0 none” radius=”0″]7[/wps_dropcap]टेस्ट प्रैक्टिस करे

ऑनलाइन आपको टेस्ट की प्रैक्टिस करने के लिए बहुत सी वेबसाइट मिल जायेगी । जो आपकी विषय की तैयारी भी करायेगी और साथ ही आपके टाइम और आपकी कार्य क्षमता का आकलन करने मे आपकी मदद भी करेंगी। इससे आप यह जान सकते है कि आप कितने समय मे कितने सवाल हल कर सकते है और किस विषय मे आप कितने अंक हसिल करने की क्षमता रखते हो ।

[wps_dropcap size=”1″ color=”#ffffff” background=”#35ce8d” border=”0 none” radius=”0″]8[/wps_dropcap]पढाई का तनाव न ले

पढाई करते समय बिलकुल भी तनाव न ले क्योकि यह हमेशा जहर की तरह कार्य करता है और आपकी कार्यक्षमता को कम करता है। इसलिए मेरा सुझाव यह है कि बिलकुल भी तनाव न ले और तनाव फ्री होकर पढाई करे।

[wps_dropcap size=”1″ color=”#ffffff” background=”#35ce8d” border=”0 none” radius=”0″]9[/wps_dropcap]खेल तथा म्युजिक

पढाई के साथ-साथ खेल तथा म्युजिक का भी आनन्द ले इससे आपकी कार्यक्षमता बनी रहेगी और आप तनाव महसुस नही करेंगे।

[wps_dropcap size=”1″ color=”#ffffff” background=”#35ce8d” border=”0 none” radius=”0″]10[/wps_dropcap]योगा

अगर आप सुबह जल्दी उठ कर योगा कर लेते हो तो इससे अच्छा कुछ हो ही नही सकता क्योकि यह आपको पूरी तरह से तनाव से मुक्त कर देगा और आप मन लगाकर पढाई भी कर सकते हो।

[wps_dropcap size=”1″ color=”#ffffff” background=”#35ce8d” border=”0 none” radius=”0″]11[/wps_dropcap]पोष्टिक आहार और नींद

अच्छी पढाई करने के लिए यह बहुत जरूरी हो जाता है कि आप अपनी नींद का भी ध्यान रखे और पर्याप्त नींद ले और अपने आहार का विशेष ध्यान रखे।

Entrance Examination के कुछ उदाहरण

भारत बहुत ही बडा देश है और इसमे कम्प्यूटर इंजिनियरिंग के लिए बहुत सारे प्रकार से प्रवेश परिक्षाऐं होती है। उनमे से कुछ के उदाहरण मै नीचे देना चाहता हॅू।

  • एआईईई
  • बीआईटीएसएटी
  • सीओएमईडीके अन्डरग्रेजुएट एन्ट्रेन्स टैस्ट
  • दिल्ली यूनिवर्सिटी कम्बाइंड एन्ट्रेन्स एग्जाम
  • ईएएमसीईटी
  • सीईटी (गोवा कोमन एन्ट्रेन्स टैस्ट)
  • आईआईटी जीईई
  • जेईई (उरीसा जॉइंट एन्ट्रेन्स एग्जाम)
  • एसआरएम यूनिवर्सिटी इंजिनियरिंग एन्ट्रेन्स एग्जाम

Counsellingऔर कॉलेज का चुनाव

एन्ट्रेन्स एग्जाम मे पास होने के बाद आपको एक कॉलेज के चुनाव का अवसर प्रदान किया जाता है लेकिन हमे केवल हमारी इच्छा के आधार पर कॉलेज नही मिलता है क्योकि कॉलेज आपके द्वारा प्राप्त किये गये एन्ट्रेन्स एग्जाम के अंको के आधार पर आपको दिया जाता है और यहि वह सबसे बडी बात होती है अगर आपके अंक बहुत ही अच्छे आये है और आप एन्ट्रेन्स एग्जाम की रैंकिंग मे उपर की लिस्ट मे है तो आपको एक अच्छा कॉलेज चुन्ने का मौका मिलता है लेकिन अगर आप अच्छे अंक हासिल नही कर पाये है तो आपको आपके अंको के हिसाब से ही कॉलेज दिया जाता है जो आपके इंजिनियर के लेवल को Divided करता है।

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नमस्कार दोस्तो मेरा नाम vivek dobriyal है. और में एक blogger हु। मैने engineering की है। और अब अपने blogs के ज़रिए infromation को सभी के साथ शेयर करता हु। मेरे blogs हमेशा research based होते है और मै अपने visitors को हमेशा सही जानकारी ही देने की कोसिस करता हूं।

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